Budget 2025 LIVE – केंद्रीय बजट 2025-26: निर्मला सीतारमण ने पेश किया बजट, जानिए बड़ी घोषणाएँ

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वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी 2025 को संसद में केंद्रीय बजट 2025-26 प्रस्तुत किया। इस बजट का मुख्य उद्देश्य मध्यम वर्ग की क्रय शक्ति बढ़ाना, समावेशी विकास को प्रोत्साहित करना, और निजी निवेश को बढ़ावा देना है। बजट में गरीबों, युवाओं, किसानों, और महिलाओं के लिए विशेष योजनाओं की घोषणा की गई है, साथ ही महत्वपूर्ण कर सुधारों की भी योजना है।

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में वर्ष 2025-26 का केंद्रीय बजट प्रस्तुत किया, जिसमें मध्यम वर्ग, किसानों, महिलाओं, युवाओं और गरीबों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएँ की गई हैं।

मध्यम वर्ग के लिए कर राहत:

व्यक्तिगत आयकर में सुधार करते हुए, बिना कर वाली आय की सीमा को बढ़ाकर 12 लाख रुपये प्रति वर्ष कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, कर स्लैब और दरों में बदलाव किए गए हैं, जिससे सभी करदाताओं को लाभ होगा। नए कर ढांचे के तहत, 24 लाख रुपये और उससे अधिक की आय पर अधिकतम 30% कर दर लागू होगी।

आर्थिक वृद्धि और वित्तीय प्रबंधन:

सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए नाममात्र जीडीपी वृद्धि दर 10.1% रहने का अनुमान लगाया है। वित्तीय घाटा जीडीपी का 4.4% रहने का लक्ष्य रखा गया है, जो पिछले वर्ष के संशोधित 4.8% से कम है। इस घाटे को पूरा करने के लिए, सरकार 14.82 लाख करोड़ रुपये के बॉन्ड जारी करेगी।

कृषि क्षेत्र के लिए पहल:

कृषि उत्पादकता बढ़ाने के लिए, सरकार ने दालों और कपास के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए क्रमशः छह वर्ष और पांच वर्ष की मिशन योजनाओं की घोषणा की है। किसानों के लिए सब्सिडी वाले क्रेडिट की सीमा को बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया गया है।

विनिर्माण और निवेश को बढ़ावा:

‘मेक इन इंडिया’ कार्यक्रम को आगे बढ़ाने के लिए, राष्ट्रीय विनिर्माण मिशन की स्थापना की जाएगी, जो नीति समर्थन प्रदान करेगा। सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों के लिए क्रेडिट गारंटी कवर को बढ़ाकर 10 करोड़ रुपये किया गया है। स्टार्ट-अप्स के लिए 10,000 करोड़ रुपये के सरकारी योगदान के साथ एक फंड ऑफ फंड्स की स्थापना की जाएगी।

बीमा क्षेत्र में विदेशी निवेश:

बीमा क्षेत्र में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) की सीमा को बढ़ाकर 100% कर दिया गया है, जिससे इस क्षेत्र में अधिक निवेश आकर्षित होने की उम्मीद है।

इन्फ्रास्ट्रक्चर और शहरी विकास:

सरकार ने शहरी विकास के लिए 1 लाख करोड़ रुपये के शहरी चुनौती कोष की घोषणा की है। इसके अलावा, क्षेत्रीय हवाई संपर्क को बढ़ावा देने के लिए अगले 10 वर्षों में 120 नए गंतव्यों को जोड़ा जाएगा।

इस बजट के माध्यम से, सरकार का उद्देश्य मध्यम वर्ग की क्रय शक्ति बढ़ाना, समावेशी विकास को प्रोत्साहित करना और निजी निवेश को बढ़ावा देना है, जिससे देश की आर्थिक वृद्धि को मजबूती मिलेगी।

मध्यम वर्ग के लिए कर राहत और आर्थिक वृद्धि पर जोर

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